मधु कलम से... छात्र-संदेश

प्यारे बच्चो!

मैं जानती हूँ कि महाराष्ट्र सरकार द्वारा परीक्षा नहीं लेने (पहली से आठवीं/ स्टेट बोर्ड) का व सभी बच्चों को उत्तीर्ण करने का निर्णय वर्तमान परिस्थिति के अनुसार उचित हो सकता है किन्तु यह भी गलत नहीं है कि कोरोना ने न केवल हमारे जीवन शैली को प्रभावित किया है बल्कि शिक्षा व्यवस्था पर भी करारा प्रहार किया है! 

ऑनलाइन शिक्षण-प्रशिक्षण ने शिक्षार्थियों के साथ-साथ अपने-अपने विषयों के शिक्षाविद शिक्षक/शिक्षिकाओं को भी पूर्णतः परिवर्तन की ओर ले आया। हाँ, मैं एक हिंदी विषय अध्यापिका हूँ और तकनीकी ज्ञान का औसतन व आवश्यकतानुसार अनुभव रखती थी। इस ऑनलाइन पढ़ाई के लिए मैंने और मेरी ही तरह कितने शिक्षकों ने अथक प्रयास किए और कर रहें हैं। ऐसे में जब छात्र परीक्षा के प्रति उदासीनता दिखाते हैं या बिना परीक्षा उत्तीर्ण होने की बात सुन, पढ़ाई से विमुख होने लगते हैं तो हमें दुख होता है।

प्यारे बच्चो, परीक्षा केवल आपके प्राप्तांक को नहीं दर्शाता अपितु यह आपकी अज्ञानता, विषयों की अनभिज्ञता व किस दिशा में आपको अधिक परिश्रम करना है यह संकेत देता है। आपको केवल अंकों के लिए पढ़ाई नहीं करनी है बल्कि आपको ज्ञानार्जन के लिए पढ़ना हैं। 

हर कक्षा का अपना पाठ्यक्रम होता है। यदि आप समय की नज़ाकत का फायदा उठाना अर्थात पढ़ाई से जी चुराना प्रारंभ कर दोगे तो न केवल आप इस वर्ष के अधूरे ज्ञान को प्राप्त करोगे बल्कि अर्धविकसित ज्ञान संग अगले वर्ष के पाठ्यक्रम के साथ भी न्याय नहीं कर पाओगे।

बच्चो, पढ़ाई का कोई विकल्प नहीं है। आपको केवल परीक्षा या अंक प्राप्ति के लिए नहीं बल्कि कक्षा के हर विषय के समग्र ज्ञानार्जन के लिए पढ़़ना है। आशा है आप अभी और आनेवाली छुट्टियों में भी ज्ञानार्जन के लिए पढ़ेंगे। कोरोना से स्वास्थ्य को बचाने के लिए जिस तरह सावधानियाँ जरूरी है उसी तरह पढ़ाई चाहे ऑफलाइन हो या ऑनलाइन इसके प्रति पूरी ईमानदारी दिखाकर, हम कोरोना द्वारा शिक्षा पर कुप्रभाव को नष्ट कर, अपने लक्ष्य के प्रति निष्ठावान बनें रहें।

"समय हितकारी हो या हो कष्टकारी,
हम हौसलों से जीत जाएँगे हर बारी।"

अनंत शुभकामनाएँ।

श्रीमती माधुरी मिश्रा 'मधु'
हिंदी अध्यापिका 
09/04/21

Comments

  1. बिलकुल सत्य एवं सार्थक बात कही है आपने 👌👌👏👏👏

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  2. बहुत-बहुत-बहुत धन्यवाद प्रिय दीप्ति जी...🙏😍🌹

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  3. Madam your writing is very true and comes straight from the heart of a dedicated teacher. It will inspire students to do their best.

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